कथन $A$: किसी भी कक्षक में अधिकतम दो इलेक्ट्रॉन ही समा सकते हैं।
कारण $R$: कक्षक में स्थित दो इलेक्ट्रॉन विपरीत चुंबकीय क्षेत्र उत्पन्न करते हैं।

  • A
    $A$ और $R$ दोनों सही हैं और $R$,$A$ की सही व्याख्या है।
  • B
    $A$ और $R$ दोनों सही हैं लेकिन $R$,$A$ की सही व्याख्या नहीं है।
  • C
    $A$ सही है,जबकि $R$ गलत है।
  • D
    $A$ गलत है,जबकि $R$ सही है।

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$3d$ कक्षक में इलेक्ट्रॉन का कोणीय संवेग क्या होगा?

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निम्नलिखित में से कौन सा/से कथन सत्य है/हैं?
$A$. यदि दो कक्षकों के लिए $(n+l)$ का मान समान है, तो कम $n$ मान वाले कक्षक की ऊर्जा कम होगी।
$B$. एक ही उपकोश में कक्षकों की ऊर्जा परमाणु क्रमांक बढ़ने के साथ बढ़ती है।
$C$. $2p_x$ कक्षक का आकार $3p_x$ कक्षक के आकार से छोटा होता है।
$D$. $5f, 6s, 4d, 5p$ और $5d$ कक्षकों में से, किसी भी कक्षक में $2$ रेडियल नोड नहीं हैं।

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